छपरा, 01 जनवरी 2025। सामाजिक न्याय, मानवीय संवेदना और पुनर्वास के क्षेत्र में सेवा कुटीर सारण ने एक ऐतिहासिक और अत्यंत भावुक उपलब्धि हासिल की है। सेवा कुटीर सारण में आवासित लाभार्थी रोशन कुमार को आज लगभग 18 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद उसके परिजनों से सफलतापूर्वक मिलाया गया। यह क्षण न केवल रोशन और उसके परिवार के लिए, बल्कि पूरे समाज के लिए आशा और विश्वास का प्रतीक बन गया।
सेवा कुटीर में आवास के दौरान रोशन कुमार की पहचान, पृष्ठभूमि और परिजनों की खोज के लिए निरंतर और सुनियोजित प्रयास किए जाते रहे। विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सतत मेहनत, धैर्य और आपसी समन्वय का ही परिणाम रहा कि वर्षों पुराना यह बिछोह आज मिलन में बदल सका। जैसे ही परिजन आमने-सामने आए, भावनाओं का सैलाब उमड़ पड़ा और आंखें नम हो गईं।
इस अवसर पर रोशन कुमार के परिजनों ने सेवा कुटीर सारण एवं जिला प्रशासन के प्रति हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इतने वर्षों बाद अपने प्रियजन से मिलना उनके जीवन का सबसे भावनात्मक और अविस्मरणीय क्षण है।
उल्लेखनीय है कि सेवा कुटीर सारण निराश्रित, असहाय एवं भिक्षावृत्ति से जुड़े व्यक्तियों के संरक्षण, पुनर्वास और पारिवारिक पुनर्मिलन के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। इसका उद्देश्य केवल आश्रय देना नहीं, बल्कि ऐसे व्यक्तियों को सम्मानपूर्वक समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।
इस प्रेरक अवसर पर सहायक निदेशक, जिला सामाजिक सुरक्षा कोषांग श्री राहुल कुमार, गृह अधीक्षक श्री राकेश रंजन सिंह, क्षेत्र समन्वयक श्री अरुण कुमार, परामर्शदाता श्री रजनीश कुमार सहित सेवा कुटीर के अन्य सभी कर्मी उपस्थित रहे और इस मानवीय सफलता के साक्षी बने।
यह घटना साबित करती है कि जब प्रशासनिक संकल्प और मानवीय संवेदना एक साथ चलते हैं, तो असंभव भी संभव हो जाता है।



