पटना, 17 जनवरी 2026। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज समृद्धि यात्रा के क्रम में पूर्वी चम्पारण जिले का दौरा कर विकास योजनाओं की प्रगति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने प्रगति यात्रा के दौरान की गई घोषणाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को कार्यों को तेजी और गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने मोतिहारी स्थित महिला राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) का निरीक्षण किया, जहां टाटा टेक के सहयोग से संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रम का अवलोकन किया गया। छात्राओं से संवाद के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीकी प्रशिक्षण के माध्यम से रोजगार के नए अवसर खुलेंगे और आत्मनिर्भर बनने में सहायता मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने रिमोट के माध्यम से पूर्वी चम्पारण जिले की 40 योजनाओं (34 करोड़ रुपये) का शिलान्यास तथा 30 योजनाओं (138 करोड़ रुपये) का उद्घाटन किया।
मुख्यमंत्री ने परिसर में लगे विभिन्न स्टॉलों का निरीक्षण किया, जहां लघु उद्यमी योजना एवं बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति के तहत लाभान्वित उद्यमियों के उत्पादों की सराहना की। उन्होंने कहा कि स्वरोजगार से आत्मनिर्भरता बढ़ती है और सरकार उद्यमियों को हरसंभव सहयोग दे रही है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 27,429 जीविका स्वयं सहायता समूहों को विभिन्न बैंक लिंकेज के माध्यम से 370 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता हेतु सांकेतिक चेक प्रदान किया। उन्होंने जीविका दीदियों के कार्यों की प्रशंसा करते हुए उन्हें निरंतर आगे बढ़ने का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री ने ग्राम मजुराहों में धनौती नदी पर निर्माणाधीन उच्चस्तरीय आरसीसी पुल सह पहुंच पथ का निरीक्षण कर अधिकारियों को कार्य शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया, ताकि मोतिहारी शहर को कोटवा से जोड़ने वाला यह मार्ग आमजन के लिए सुगम हो सके।
कार्यक्रम से पूर्व मुख्यमंत्री ने कल्याणपुर प्रखंड स्थित निर्माणाधीन विराट रामायण मंदिर का जायजा लिया और सहस्रलिंगम पूजन समारोह में भाग लिया। मंदिर परिसर का भ्रमण करते हुए उन्होंने निर्माण कार्यों की प्रगति पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा, जल संसाधन सह संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी सहित अन्य जनप्रतिनिधि, वरीय प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
समृद्धि यात्रा के माध्यम से मुख्यमंत्री ने एक बार फिर स्पष्ट किया कि विकास, रोजगार और आत्मनिर्भरता राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।



